Visheshan ke Prakar

Visheshan Ke Prakar: परिभाषा, भेद, पहचान और उदाहरण

यदि आप हिंदी व्याकरण सीख रहे हैं, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं या स्कूल की परीक्षा के लिए पढ़ाई कर रहे हैं, तो विशेषण के प्रकार (Visheshan Ke Prakar) को समझना बेहद जरूरी है। हिंदी भाषा में वाक्यों को अधिक स्पष्ट, सुंदर और प्रभावशाली बनाने में विशेषण की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। यह संज्ञा या सर्वनाम की विशेषता, गुण, संख्या, मात्रा या संकेत को बताता है।

इस लेख में हम विशेषण के प्रकार (Visheshan Ke Prakar), उनकी परिभाषा, पहचान, उदाहरण, अंतर और परीक्षा में पूछे जाने वाले महत्वपूर्ण प्रश्नों को आसान भाषा में समझेंगे। यदि आप विशेषण के प्रकार, विशेषण के भेद, या विशेषण के कितने प्रकार होते हैं जैसे प्रश्नों का उत्तर ढूंढ रहे हैं, तो यह लेख आपके लिए संपूर्ण मार्गदर्शिका साबित होगा।

विशेषण क्या होता है?

जो शब्द संज्ञा या सर्वनाम की विशेषता, गुण, संख्या, मात्रा या अवस्था का बोध कराए, उसे विशेषण कहते हैं।

सरल शब्दों में, विशेषण वह शब्द है जो किसी व्यक्ति, वस्तु, स्थान या भाव के बारे में अतिरिक्त जानकारी देता है।

उदाहरण

  • सुंदर लड़की
  • मीठा आम
  • लंबा पेड़
  • बुद्धिमान छात्र

ऊपर दिए गए उदाहरणों में सुंदर, मीठा, लंबा और बुद्धिमान विशेषण हैं क्योंकि ये संज्ञा की विशेषता बता रहे हैं।

विशेषण की पहचान कैसे करें?

विशेषण पहचानने के लिए निम्न बातों का ध्यान रखें—

  • यदि कोई शब्द किसी संज्ञा का गुण बताए।
  • यदि कोई शब्द संख्या बताए।
  • यदि कोई शब्द मात्रा बताए।
  • यदि कोई शब्द किसी वस्तु की ओर संकेत करे।
  • यदि कोई शब्द सर्वनाम से बना हो और संज्ञा की विशेषता बताए।

उदाहरण

  • लाल फूल
  • पाँच विद्यार्थी
  • थोड़ा दूध
  • यह पुस्तक
  • मेरा घर

इन सभी वाक्यों में मोटे शब्द विशेषण हैं।

विशेषण के प्रकार कितने होते हैं? – Visheshan Ke Prakar

हिंदी व्याकरण में विशेषण के मुख्य पाँच प्रकार माने जाते हैं—

  1. गुणवाचक विशेषण
  2. संख्यावाचक विशेषण
  3. परिमाणवाचक विशेषण
  4. संकेतवाचक विशेषण
  5. सार्वनामिक विशेषण

अब इन सभी विशेषण के भेद (Visheshan Ke Prakar) को विस्तार से समझते हैं।

1. गुणवाचक विशेषण

गुणवाचक विशेषण की परिभाषा:- जो विशेषण किसी संज्ञा या सर्वनाम के गुण, रंग, रूप, आकार, स्वभाव या अवस्था का बोध कराए, उसे गुणवाचक विशेषण कहते हैं।

उदाहरण

  • सुंदर लड़की
  • ईमानदार व्यक्ति
  • लाल फूल
  • मीठा आम
  • बहादुर सैनिक
  • बड़ा घर

इन वाक्यों में सुंदर, ईमानदार, लाल, मीठा, बहादुर और बड़ा संज्ञा के गुण बता रहे हैं।

गुणवाचक विशेषण की पहचान

  • गुण बताए
  • रंग बताए
  • आकार बताए
  • स्वभाव बताए
  • अवस्था बताए

2. संख्यावाचक विशेषण

संख्यावाचक विशेषण की परिभाषा:- जो विशेषण किसी संज्ञा की संख्या या क्रम बताए, उसे संख्यावाचक विशेषण कहते हैं।

उदाहरण

  • पाँच विद्यार्थी
  • तीन पुस्तकें
  • पहला स्थान
  • दस खिलाड़ी
  • सौ रुपये

यहाँ पाँच, तीन, पहला, दस और सौ संख्या का बोध करा रहे हैं।

संख्यावाचक विशेषण के भेद

1. निश्चित संख्यावाचक

जो निश्चित संख्या बताए।

उदाहरण
  • दो लड़के
  • पाँच किताबें

2. अनिश्चित संख्यावाचक

जो निश्चित संख्या न बताए।

उदाहरण
  • कई विद्यार्थी
  • कुछ लोग
  • अनेक पक्षी

3. क्रमवाचक

जो क्रम बताए।

उदाहरण
  • पहला
  • दूसरा
  • तीसरा

4. आवृत्तिवाचक

जो संख्या की पुनरावृत्ति बताए।

उदाहरण
  • दुगुना
  • तिगुना
  • चौगुना

3. परिमाणवाचक विशेषण

परिमाणवाचक विशेषण की परिभाषा:- जो विशेषण किसी वस्तु की मात्रा या परिमाण का बोध कराए, उसे परिमाणवाचक विशेषण कहते हैं।

इसका प्रयोग सामान्यतः अगणनीय वस्तुओं के साथ होता है।

उदाहरण

  • थोड़ा दूध
  • अधिक पानी
  • कम चीनी
  • पर्याप्त भोजन
  • बहुत तेल

इन शब्दों से मात्रा का बोध होता है।

परिमाणवाचक विशेषण की पहचान

यदि उत्तर “कितना?” में मिले और वस्तु गिनी न जा सके, तो वह परिमाणवाचक विशेषण होता है।

4. संकेतवाचक विशेषण

संकेतवाचक विशेषण की परिभाषा:- जो विशेषण किसी व्यक्ति, वस्तु या स्थान की ओर संकेत करे, उसे संकेतवाचक विशेषण कहते हैं।

उदाहरण

  • यह लड़का
  • वह लड़की
  • ये पुस्तकें
  • वे बच्चे
  • यही रास्ता

यह, वह, ये और वे संज्ञा की ओर संकेत कर रहे हैं।

संकेतवाचक विशेषण की पहचान

यदि शब्द किसी वस्तु की ओर इशारा करे और उसके बाद संज्ञा आए, तो वह संकेतवाचक विशेषण होता है।

5. सार्वनामिक विशेषण

सार्वनामिक विशेषण की परिभाषा:- जो विशेषण सर्वनाम से बनकर संज्ञा की विशेषता बताए, उसे सार्वनामिक विशेषण कहते हैं।

उदाहरण

  • मेरा घर
  • तुम्हारी पुस्तक
  • उसका विद्यालय
  • हमारा देश
  • उनका परिवार

इनमें मेरा, तुम्हारी, उसका, हमारा और उनका संज्ञा की विशेषता बता रहे हैं।

सार्वनामिक विशेषण की पहचान

यदि सर्वनाम के बाद संज्ञा आए और वह उसकी विशेषता बताए, तो वह सार्वनामिक विशेषण होगा।

विशेषण के प्रकार की पहचान कैसे करें? – Visheshan Ke Prakar Kaise Pahchanen

नीचे दी गई आसान ट्रिक से आप सभी (Visheshan Ke Prakar) आसानी से पहचान सकते हैं—

यदि शब्द…विशेषण का प्रकार
गुण बताएगुणवाचक
संख्या बताएसंख्यावाचक
मात्रा बताएपरिमाणवाचक
संकेत करेसंकेतवाचक
सर्वनाम से बना होसार्वनामिक

Visheshan Ke Prakar Ka Chart – विशेषण के प्रकार का चार्ट 

विशेषण का प्रकारक्या बताता हैउदाहरण
गुणवाचकगुणसुंदर लड़की
संख्यावाचकसंख्यापाँच बच्चे
परिमाणवाचकमात्राथोड़ा दूध
संकेतवाचकसंकेतयह घर
सार्वनामिकसर्वनाम से बनामेरा विद्यालय

विशेषण के प्रकार के उदाहरण – Visheshan Ke Prakar Ke Udaharan 

नीचे विशेषण के प्रकार (Visheshan Ke Prakar) के कुछ महत्वपूर्ण उदाहरण दिए गए हैं—

  • अच्छा विद्यार्थी
  • सुंदर बगीचा
  • लाल गुलाब
  • काला घोड़ा
  • मीठा आम
  • पाँच मित्र
  • दस छात्र
  • पहला स्थान
  • कई लोग
  • कुछ बच्चे
  • थोड़ा पानी
  • अधिक दूध
  • पर्याप्त भोजन
  • कम चीनी
  • यह घर
  • वह सड़क
  • ये बच्चे
  • वे विद्यार्थी
  • मेरा बैग
  • तुम्हारी कॉपी
  • हमारा विद्यालय
  • उनका परिवार
  • उसकी किताब
  • कोई व्यक्ति
  • प्रत्येक छात्र

Visheshan Ke Prakar Yaad Karne Ki Trick – विशेषण के प्रकार याद रखने की आसान ट्रिक

यदि आपको परीक्षा के लिए विशेषण के प्रकार (Visheshan Ke Prakar) याद रखने हैं, तो यह ट्रिक उपयोग करें—

“गु-सं-प-सं-सा”

  • गु = गुणवाचक
  • सं = संख्यावाचक
  • प = परिमाणवाचक
  • सं = संकेतवाचक
  • सा = सार्वनामिक

यह ट्रिक विद्यार्थियों के लिए बेहद उपयोगी है।

विशेषण के प्रकार में अंतर – Visheshan Ke Prakar Me Antar

प्रकारक्या बताता हैउदाहरण
गुणवाचकगुणसुंदर लड़की
संख्यावाचकसंख्याचार विद्यार्थी
परिमाणवाचकमात्राथोड़ा दूध
संकेतवाचकसंकेतयह पुस्तक
सार्वनामिकसर्वनाम से बनामेरा घर

परीक्षा में पूछे जाने वाले महत्वपूर्ण प्रश्न

  1. विशेषण किसे कहते हैं?
  2. विशेषण के कितने प्रकार होते हैं?
  3. गुणवाचक विशेषण की परिभाषा लिखिए।
  4. संख्यावाचक विशेषण के भेद बताइए।
  5. परिमाणवाचक विशेषण किसे कहते हैं?
  6. संकेतवाचक विशेषण के उदाहरण दीजिए।
  7. सार्वनामिक विशेषण और सर्वनाम में क्या अंतर है?
  8. विशेषण की पहचान कैसे करें?
  9. विशेषण के पाँच उदाहरण लिखिए।
  10. संख्यावाचक और परिमाणवाचक विशेषण में अंतर स्पष्ट कीजिए।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

विशेषण के कितने प्रकार होते हैं?

हिंदी व्याकरण के अनुसार विशेषण के पाँच मुख्य प्रकार होते हैं— गुणवाचक, संख्यावाचक, परिमाणवाचक, संकेतवाचक और सार्वनामिक विशेषण।

विशेषण क्या होता है?

जो शब्द संज्ञा या सर्वनाम की विशेषता, गुण, संख्या, मात्रा या संकेत बताए, उसे विशेषण कहते हैं।

गुणवाचक विशेषण क्या है?

जो विशेषण किसी व्यक्ति या वस्तु के गुण, रंग, रूप, आकार या स्वभाव का बोध कराए, वह गुणवाचक विशेषण कहलाता है।

संख्यावाचक विशेषण किसे कहते हैं?

जो विशेषण संज्ञा की संख्या या क्रम का बोध कराए, उसे संख्यावाचक विशेषण कहते हैं।

परिमाणवाचक विशेषण क्या होता है?

जो विशेषण किसी अगणनीय वस्तु की मात्रा बताए, उसे परिमाणवाचक विशेषण कहते हैं।

संकेतवाचक विशेषण के उदाहरण क्या हैं?

यह लड़का, वह घर, ये पुस्तकें और वे बच्चे संकेतवाचक विशेषण के प्रमुख उदाहरण हैं।

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